पंजाबी समाज ने कैंडल जला कर दो मिनट का मौन भी रखा
हिन्द लाइव न्यूज, राजेश भाटिया।

मुरादाबाद। राष्ट्रवादी पंजाबी महासंघ ने शुक्रवार को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर अपने पुरखों को याद किया।शाम को इंपीरियल तिराहे पर हुए कार्यक्रम में विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर बड़े बुजुर्गो को याद में मोमबत्ती जलाकर शांति के लिए दो मिनट का मौन रखा।
कार्यक्रम के तहत शहर के पंजाबी समाज के लोगों ने आज के दिन विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस पर पुरखों को याद किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए।
इस अवसर पर मेजर राजीव ढल ने कहा कि 1947 में देश के बंटवारे के दौरान सबसे ज्यादा त्रासदी झेलने वाला पंजाबी समाज ही है। विभाजन के दौरान 10 लाख पंजाबी समाज के लोग शहीद हुए। पंजाबी समाज के लोग विभाजन के नाम पर लूटे गए । बहन-बहू- बेटियों के साथ दुराचार हुआ। बाल बच्चे भी मार दिए गए। महीनों भूखे रहे। यातनाएं सहते हुए किसी तरह सीमा पार कर पहुंचे। पंजाबी समाज के साथ हुए इस मंजर को याद कर रूह भी कांप जाती है।देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंजाबी समाज की पीड़ा को समझा। और 14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया।इससे पंजाबी समाज के शहीदों का मान बढ़ा है।

कार्यक्रम में विभाजन के दौरान शहीद हुए पंजाबी समाज के लोगों की शांति के लिए के लिए दो मिनट का मौन भी रखा गया।इस दौरान पंजाबी समाज के लोगों ने मोमबत्ती जलाकर अपने पुरखों को याद किया।
कार्यक्रम का नेतृत्व राजीव गुंबर एडवोकेट व संचालन राकेश बाठला ने किया। इस दौरान मेजर राजीव ढल,हरीश भसीन,काले पहलवान,पार्षद देश रतन कत्याल,कमल गुलाटी, राहुल सेठी, संस्कार कत्याल, प्रदीप सेठी, उमेश अरोड़ा,निवेश गुंबर, नितिन महाजन, राधे श्याम अरोड़ा, जितेंद्र कोहली, हरिकिशन छाबड़ा, सूरज पाल छाबड़ा, मोनू गाबा,बलदेव छाबड़ा,इंद्रजीत गुलाटी, दलजीत सिंह, तरुण कत्याल,भूपेंद्र सिंह बॉबी,अशोक गाबा अमित छाबड़ा, सुरेश रहेजा, रवि कपूर, तुषार अग्रवाल आदि रहे थे
