छजलैट में 5 साल पुराना मामला
दुष्कर्म व एससी-एसटी एक्ट में भी उम्रकैद की सजा
पाँक्सो कोर्ट का दोषी पर 1.40 लाख रुपए का जुर्माना
राजेश भाटिया,हिन्द लाइव न्यूज

मुरादाबाद। घर के बाहर खड़ी नाबालिग को अगवाकर दुष्कर्म में युवक को आजीवन कारावास की सजा मिली है।अदालत ने मामला अनुसूचित जाति का होने के चलते इस एक्ट में भी उम्रकैद की सजा दीं। जबकि अन्य धाराओं में भी अदालत ने सजा व जुर्माना लगाया। दोषी पर कुल 1.40 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। मामला पांच साल पुराना है।
बुधवार को विशेष न्यायधीश पॉक्सो कोर्ट-द्वितीय छाया शर्मा ने यह फैसला सुनाया। जिले के छजलैट निवासी वादी की ओर से बेटी को बहला-फुसलाकर ले जाने की तहरीर दी गई। छजलैट थाना क्षेत्र में दर्ज रिपोर्ट कहा गया कि प्रार्थी अनुसूचित जाति का है।आठ अप्रैल की रात को घर के बाहर से उसकी नाबालिग बेटी को गांव कूरी रवाना का रहने वाला अरमान उर्फ अमन व दो अज्ञात लोग बहला फुसलाकर ले गए। नाबालिग को ले जाते हुए उसकी पत्नी व दूसरी पुत्री ने देखा।बेटी के गायब होने की सूचना मिली तो आरोपी की उसके गांव में तलाश की गई।पर उसका सुराग नहीं मिला। आरोप है कि इससे पहले भी आरोपी पीड़िता को ले गया। पर वह अगले दिन लौट आईं। तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी व अपहृता की तलाश में छापेमारी की। बाद में बरामद पीड़िता को बरामद कर लिया गया।पीड़िता ने आरोपी पर बहला फुसलाकर ले जाने व दुष्कर्म का आरोप लगाया।पुलिस ने 20 अप्रैल को आरोपी अरमान के खिलाफ अपहरण,दुष्कर्म समेत विभिन्न धाराओं में मुकदमा कायम कर लिया।
केस की सुनवाई मुरादाबाद में पॉक्सोे कोर्ट-द्वितीय छाया शर्मा की अदालत में हुई। विशेष लोक अभियोजक एमपी सिंह व मो. अकरम खां ने पुलिस रिपोर्ट व अन्य साक्ष्य कोर्ट में प्रस्तुत किए।
विशेष लोक अभियोजक मो. अकरम खां का कहना है कि पीड़िता के बयान,परिजनों समेत नौ लोगों ने कोर्ट में गवाही दी। पीड़िता के बयान सजा का पर्याप्त आधार बने।अदालत ने साक्ष्य के आधार पर अरमान को दोषी करार दिया।अदालत ने अनुसूचित जाति व दुष्कर्म में दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा दीं। दोनों धाराओं में 50-50 हजार व अगवा करने आदि धाराओं में सजा और 10-10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।दोषी पर कुल 1.40 लाख रुपये का जुर्माना लगा है।
