जिले में 3/4 मुस्लिम महिला अधिनियम में पहली सजा
एडीजे कोर्ट से भोजपुर के मनकुआ मकसूदपुर के लिए वाजिद हुसैन को दोषी करार
हिन्द लाइव न्यूज,राजेश भाटिया।

मुरादाबाद।शनिवार को मुरादाबाद की अदालत ने तीन तलाक में पति को दोषी ठहराया है।एडीजे कोर्ट-1 अनिल कुमार ने दोषी वाजिद हुसैन को पांच साल की सजा और 36 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया।
जिले में 3/4 मुस्लिम महिला अधिनियम के तहत सजा सुनाए जाने का यह पहला मामला है।मुरादाबाद की एडीजे कोर्ट ने तीन तलाक में तीन साल का कठोर कारावास और तेजाब फेंकने में पांच साल व तीस हजार रुपए जुर्माने की सजा मिली है।सभी सजाएं साथ चलेंगीं।मुस्लिम महिला अधिनियम 2019 के तहत जिले में तीन तलाक में मिलने वाली यह पहली सजा है।
तीन तलाक की रिपोर्ट थाना पाकबड़ा में पीड़िता ने सात जुलाई 2021 को दर्ज कराई थी। महिला की रिपोर्ट के अनुसार सात साल पहले उसका शादी भोजपुर के मकसूदपुर मनकुआ निवासी वाजिद हुसैन से हुईं। आरोप है कि संतान न होने से पति दूसरी शादी करना चाहता था।इस दौरान जेठ शाकिर,जेठानी रुबीना, नन्द व नईम बच्चा न होने पर तंज कसते।
रिपोर्ट के अनुसार 4 जुलाई, 21 को पीड़िता पर तेजाब डाला गया।और मारपीट कर घर से निकाल दिया। तहरीर के आधार पर पुलिस ने जांच कर मुस्लिम महिला एक्ट समेत अन्य धाराओं में पति के खिलाफ मुकदमा कायम। किया।आरोपपत्र दाखिल किया।
एडीजे कोर्ट में सुनवाई के दौरान एडीजीसी राजीव कौशिक ने पैरवी। अदालत में छह गवाहों के बयान हुए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने पीड़िता के बयान और अन्य तर्कों के मद्देनजर पति वाजिद हुसैन को दोषी ठहराया। एडीजीसी के अनुसार मारपीट, तेजाब डालने और मुस्लिम महिला अधिनियम में पति को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।
